कर्मचारी पेंशन योजना 1995 (EPS-95) के तहत आने वाले करोड़ों कर्मचारियों के लिए रिटायरमेंट के बाद की जिंदगी का आर्थिक पहलू एक अहम मुद्दा है। मौजूदा महंगाई को देखते हुए, न्यूनतम पेंशन ₹1,000 प्रति माह काफी अपर्याप्त है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए पेंशनभोगी संगठनों ने मांग की है कि इसे बढ़ाकर कम से कम ₹7,500 किया जाए। हालांकि, सरकार ने अब तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया है, लेकिन कुछ बदलावों पर विचार जरूर किया जा रहा है।
₹7,500 पेंशन की माँग और वर्तमान स्थिति
पिछले कुछ वर्षों से पेंशनभोगी संगठनों ने लगातार यह मांग उठाई है कि न्यूनतम मासिक पेंशन को ₹1,000 से बढ़ाकर कम से कम ₹7,500 किया जाए। मार्च 31, 2026 को इस मुद्दे पर जंतर-मंतर पर तीन दिवसीय धरना-प्रदर्शन भी हुआ, जिससे यह मुद्दा राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आया। हालांकि, श्रम और रोजगार मंत्रालय ने राज्यसभा में स्पष्ट किया कि फिलहाल ऐसा कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है। सरकार का कहना है कि किसी भी निर्णय को लेने से पहले पेंशन फंड की दीर्घकालिक वित्तीय स्थिरता का ध्यान रखा जाएगा।
वेतन सीमा और गणना पद्धति में सुधार
हालांकि ₹7,500 की पेंशन पर सरकारी मुहर नहीं लगी है, लेकिन EPFO 3.0 सुधारों के तहत वेतन सीमा में बदलाव का प्रस्ताव जरूर विचाराधीन है। EPFO वेतन सीमा को ₹15,000 से बढ़ाकर ₹25,000 करने पर विचार कर रही है। इस बदलाव से 6.5 करोड़ से अधिक कर्मचारियों को लाभ मिल सकता है और मासिक पेंशन योगदान में करीब 66% की वृद्धि हो सकती है। अगर यह लागू होता है तो नियोक्ता का मासिक EPS योगदान ₹1,250 से बढ़कर लगभग ₹2,083 हो जाएगा। इस प्रस्ताव पर श्रम एवं रोजगार मंत्रालय द्वारा विचार किया जा रहा है।
संसदीय समिति की सिफारिश
इस पूरे मुद्दे को संसदीय स्थायी समिति ने भी गंभीरता से लिया है। मार्च 31, 2026 को समिति ने मौजूदा ₹1,000 की पेंशन को "बुनियादी जरूरतों के लिए अपर्याप्त" करार देते हुए इसकी तत्काल और व्यापक समीक्षा की जोरदार सिफारिश की। समिति का मानना है कि आज के दौर में एक बुजुर्ग व्यक्ति सिर्फ ₹1,000 में दवाइयाँ, राशन और किराया नहीं चला सकता। इससे उम्मीद जगी है कि सरकार जल्द कोई ठोस निर्णय लेगी।
क्या करें पेंशनभोगी?
जब तक सरकार कोई आधिकारिक अधिसूचना जारी नहीं करती, पेंशनभोगियों को अपने दस्तावेज और खाते अपडेट रखना जरूरी होगा। ईपीएफओ ने सभी पेंशनभोगियों से अनुरोध किया है कि वे अपनी आधार, बैंक खाता और KYC जानकारी EPFO के आधिकारिक पोर्टल या UMANG ऐप पर अपडेट रखें ताकि कोई भी संशोधन लागू होने पर उनकी पेंशन बिना देरी के उनके खाते में पहुँच सके। सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली किसी भी खबर पर बिना जाँचे भरोसा न करें और सही जानकारी के लिए epfindia.gov.in या श्रम मंत्रालय की आधिकारिक वेबसाइट देखें।
Disclaimer: यह लेख सार्वजनिक रूप से उपलब्ध जानकारी, संसदीय रिकॉर्ड और सत्यापित समाचार स्रोतों पर आधारित है।








